ना उम्मीदी : अनस अली

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ना उम्मीदी : अनस अली



एक किसान अपने खेत में रोज काम करता है ओर काम करने के बाद वो थक जाता है तो एक पेड़ के नीचे थोड़ी देर आराम करता है एक रोज़ वो मामूल के मुताबिक अपने खेत में काम कर रहा होता है ओर जब वो थक जाता है तो पेड़ के नीचे आराम करता हे ओर उस की नींद लग जाती है अचानक उस के सर में तकलीफ होती है ओर किसान को लगता है कि शायद मुझे किसी चीज ने काटा है खेर वो उस तकलीफ को नजर अंदाज करता है ओर अपने काम में लग जाता है तो दूसरे या तीसरे दिन उस किसान का पड़ोसी उस से कहता है के कल जब तू काम करने के बाद आराम कर रहा था मैने तेरे सर के पास सांप को देखा था तो किसान को पक्का यकीन हो गया के उस दिन मुझे सांप ने ही काटा था ओर फिर वो मर गया आप जानते हो उस किसान की मौत की वजह क्या बनी उस को अपने जीने की उम्मीद को खत्म कर देना वो किसान ये नहीं जानता था के उस की ना उम्मीदी ओर गम सांप के जहर से ज्यादा खतरनाक साबित हो सकता है ऐसे ही मैने अपने सामने कई मरीजों को देखा है जिनको कुछ तकलीफ होती है ओर जब वो अपना चेकअप कराते हैं ओर उन को कोई बड़ी बीमारी बता दी जाती है हे जैसे कैंसर या कोई और बीमारी तो फिर वो इंसान दिन पे दिन कमजोर होता चला जाता है फिर एक दिन वो आता है के वो इंसान इस दुनिया से चला जाता है आप जानते हो उस की मौत की वजह क्या बनी जीने की उम्मीद को छोड़ देना ओर बीमारी के आगे घुटने टेक देना क्योंकि आप अंदाजा लगाइए जब उस का चेकअप होता है उस से पहले वो तंदरुस्त होता है क्योंकि उस को जीने की उम्मीद होती है लेकिन चेकअप के बाद अपनी जिंदगी से ना उम्मीद हो जाता है ओर मौत के आगे घुटने टेक देता है खुलासा ये है पूरे मज़मून का हमारा किसी भी चीज से ना उम्मीद होना सांप के जहर से ज्यादा खतरनाक ओर बड़ी बीमारियों से ज्यादा खतरनाक साबित हो सकता है आप की दुआओं का तालिब,,,,,,अनस अली s/o,,,,,,असद अली

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